मूंग की मात्र 25 प्रतिशत खरीदी के विरोध में भारतीय किसान संघ ने जिले की सभी तहसीलों में सौंपा ज्ञापन

दमोह। प्रदेश सरकार द्वारा ग्रीष्मकालीन मूंग उपार्जन में किसानों के कुल उत्पादन का केवल 25 प्रतिशत ही समर्थन मूल्य पर खरीदे जाने के निर्णय के विरोध में भारतीय किसान संघ ने दमोह जिले की सभी तहसीलों में किसानों के साथ व्यापक स्तर पर प्रदर्शन कर संबंधित तहसीलदारों के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से भारतीय किसान संघ ने कहा कि सरकार द्वारा किसानों की मेहनत से उत्पादित मूंग का केवल 25 प्रतिशत ही समर्थन मूल्य पर खरीदा जाना किसानों के साथ अन्याय है। शेष 75 प्रतिशत उपज किसानों को खुले बाजार में औने-पौने दामों पर बेचने के लिए विवश होना पड़ रहा है, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। संघ ने बताया कि वर्तमान में मूंग का बाजार भाव समर्थन मूल्य से काफी कम होने के कारण किसानों की लागत भी नहीं निकल पा रही है। किसान पहले ही मौसम की अनिश्चितता, बढ़ती उत्पादन लागत, महंगे बीज, उर्वरक, कीटनाशक एवं सिंचाई खर्च जैसी अनेक समस्याओं से जूझ रहे हैं। ऐसे समय में सरकार की सीमित खरीदी नीति किसानों की आर्थिक स्थिति को और अधिक कमजोर कर रही है। भारतीय किसान संघ ने सरकार से मांग की कि दमोह जिले सहित पूरे प्रदेश में किसानों की मूंग की 100 प्रतिशत उपज समर्थन मूल्य पर खरीदी जाए, ताकि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सके तथा उन्हें आर्थिक संकट का सामना न करना पड़े। संघ ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सरकार शीघ्र ही किसानों की मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लेती है, तो भारतीय किसान संघ किसानों के साथ मिलकर चरणबद्ध एवं व्यापक आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा, जिसकी समस्त जिम्मेदारी शासन एवं प्रशासन की होगी।
इस अवसर पर भारतीय किसान संघ के पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में किसानों के हितों की रक्षा एवं 100 प्रतिशत मूंग खरीदी की मांग को लेकर सरकार से तत्काल निर्णय लेने की अपील की एवं ज्ञापन में पदाधिकारीयों और किसानों की उपस्थिति रही । ज्ञापन देने बालो में राममिलन पटेल प्रांत प्रचार प्रमुख, गजेंद्र संभाग प्रचार प्रमुख, भूपेंद्र जिला प्रचार प्रमुख, प्रहलाद तहसील अध्यक्ष पथरिया, मुकेश पटेल तहसील मंत्री, तीरथ पटेल जिला बीज आयाम प्रमुख, राकेश , गोवर्धन, तुलसीराम, उमाशंकर, नंदराम आदि शामिल रहें।



