जीवन में गलतियों के बाद भी सुधार और पुनर्निर्माण की संभावनाएँ हमेशा बनी रहती हैं- प्रभारी मंत्री श्री परमार पुलिस की कलम निष्पक्ष चले, निर्दोष न जाए जेल- दमोह सांसद श्री लोधी एक्सीलेंस स्कूल विस्तार, सड़क चौड़ीकरण और तहसील ग्राउंड के विस्तार के लिये जेल परिसर से जमीन लेने का प्रस्ताव- विधायक श्री मलैया जिला जेल में 1.08 करोड़ की लागत से निर्मित डबल स्टोरी बैरक का लोकार्पण संपन्न

जीवन में गलतियों के बाद भी सुधार और पुनर्निर्माण की संभावनाएँ हमेशा बनी रहती हैं। ईश्वर सबको माफ करता है, प्रत्येक व्यक्ति को प्रायश्चित कर समाज में सकारात्मक भूमिका निभाने का अवसर मिलना चाहिए। बंदी गण अच्छे साहित्य पढ़ें, अनुशासित वातावरण में रहें तथा योग को जीवन का हिस्सा बनायें । मानसिक तनाव, पारिवारिक लगाव और निराशा जैसी परिस्थितियों से बाहर निकलने के लिए सकारात्मक सोच आवश्यक है। इस आशय के विचार प्रदेश के उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा एवं आयुष मंत्री तथा जिले के प्रभारी मंत्री इंदर सिंह परमार ने आज जेल परिसर में 1.08 करोड़ की लागत से निर्मित डबल स्टोरी बैरक लोकार्पण के दौरान बंदियो को संबोधित करते हुए व्यक्त किये। उन्होंने कहा जेल को केवल दंड का स्थान नहीं बल्कि सुधार और प्रशिक्षण का केंद्र मानना चाहिए। जेल से बाहर निकलने के बाद समाज में समरस होकर जीवन व्यतीत करें और समाजहित में योगदान देने का संकल्प लें। इस अवसर पर प्रदेश के पशुपालन एवं डेयरी विभाग के राज्यमंत्री स्वंतत्र प्रभार लखन पटेल, सांसद दमोह राहुल सिंह लोधी, पूर्व वित्तमंत्री एवं विधायक दमोह जयंत कुमार मलैया, जिला भाजपा अध्यक्ष श्याम शिवहरे, जिला पंचायत अध्यक्ष रंजीता गौरव पटेल, कलेक्टर प्रताप नारायण यादव, पुलिस अधीक्षक आनंद कलादगी, सीईओ जिला पंचायत प्रवीण फुलपगारे, अपर कलेक्टर मीना मसराम, कविता राय, मंचासीन थे।
प्रभारी मंत्री श्री परमार ने कार्यक्रम के दौरान जेल प्रशासन की व्यवस्थाओं की प्रशंसा की। उन्होने कहा कि पुराने समय की जेलों और वर्तमान जेल व्यवस्थाओं में काफी बदलाव आया है, अब बंदियों के सुधार और सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने जेल विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को बेहतर व्यवस्थाएँ उपलब्ध कराने के लिए बधाई दी। साथ ही कहा कि इन सुधारों से कर्मचारियों को भी कार्य करने में सुविधा मिलेगी और जेलों का वातावरण अधिक मानवीय एवं सकारात्मक बनेगा। उन्होने बंदियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को समाज में दोवारा सम्मानपूर्वक जीवन जीने और राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का अवसर मिलना चाहिए।
प्रभारी मंत्री ने कहा भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा लगातार देशवासियों से “वोकल फॉर लोकल” और “आत्मनिर्भर भारत” के संकल्प को मजबूत करने की अपील की जा रही है। प्रधानमंत्री जी का स्पष्ट संदेश है कि देश के नागरिकों को अपने दैनिक जीवन में अधिक से अधिक स्वदेशी एवं स्थानीय स्तर पर निर्मित वस्तुओं का उपयोग करना चाहिए। यदि लोग अपने शहर, जिले और राज्य में बनने वाले उत्पादों को प्राथमिकता देंगे, तो इससे स्थानीय उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा और लाखों लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर उत्पन्न होंगे।
सांसद राहुल सिंह लोधी ने कहा आज पहली बार जेल परिसर में आने का अवसर मिला। ‘डबल बैरक’ निर्माण के उद्घाटन के माध्यम से यह अवसर प्राप्त होना भगवान की कृपा है। उन्होंने पुलिस प्रशासन और अधिकारियों को कहा कि पुलिस की कलम यदि सही दिशा में चले तो अपराधी को उचित सजा मिलती है। लेकिन कई बार गलत निर्णयों के कारण निर्दोष व्यक्ति भी जेल पहुंच जाता है। सांसद श्री लोधी ने अधिकारियों से अपील की कि निर्णय लेते समय पूरी निष्पक्षता और संवेदनशीलता बरती जाए, ताकि वास्तविक अपराधी को दंड मिले और कोई निर्दोष व्यक्ति न्याय से वंचित न रहे।उन्होंने कहा जेल के सामने ही उनका सांसद कार्यालय स्थित है और कई बार जेल से रिहा हुए लोगों ने उन्हें परिसर में बने भव्य हनुमान मंदिर के बारे में बताया था। उन्होंने कहा कि वे भगवान हनुमान के प्रति गहरी श्रद्धा रखते हैं और हमेशा यही प्रार्थना करते थे कि बिना किसी विपरीत परिस्थिति के उन्हें मंदिर में दर्शन का अवसर मिले। पूर्व वित्तमंत्री एवं दमोह विधायक जयंत मलैया ने कहा शहर के भीतर जेल नहीं होना चाहिए। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जी से बात हुई है, वे सहमत भी हैं। प्रशासनिक जरूरतों और बढ़ते शैक्षणिक व शहरी विकास को देखते हुए जेल परिसर की जमीन का उपयोग विभिन्न सार्वजनिक परियोजनाओं के लिए किए जाने की योजना है। उन्होने बताया गया कि के.एन कॉलेज में छात्राओं की संख्या लगातार बढ़ रही है और विस्तार कार्य के लिए अतिरिक्त भूमि की आवश्यकता है। वहीं एक्सीलेंस स्कूल विस्तार, सड़क चौड़ीकरण और तहसील ग्राउंड के विस्तार हेतु भी जेल परिसर से जमीन लेने का प्रस्ताव है। योजना के अनुसार परिसर के कुछ हिस्से का आवासीय एवं व्यावसायिक उपयोग कर परियोजना को आर्थिक रूप से व्यवहार्य बनाया जाएगा, जबकि नई जेल आधुनिक सुविधाओं के साथ शहर से बाहर विकसित की जाएगी।कार्यक्रम के पूर्व अतिथीगणों ने लोकार्पण के दौरान डबल स्टोरी बैरक भवन का जायजा भी लिया। उपजेल अधीक्षक एम. एल. पटैल, कार्यक्रम का संचालन पं. विपिन चौबे ने किया। इस अवसर पर रामेश्वर चौधरी, महेश पटेल, संजय सेन, राघवेंद्र परिहार, संजय यादव, भारत यादव, संतोष रोहित, सुमन उपाध्याय, कुसुम खरे, प्रिंस जैन, मोंटी रैकवार, जुगल अग्रवाल, सोनू यादव, रिंकू गोस्वामी एसडीएम सौरभ गंर्धव, तहसीलदार रॉबिन जैन सहित बड़ी संख्या में बंदीगण मौजूद थे।

